अबनाः मलेशिया की महिलाएं आतंकियों से विवाह के उद्देश्य से इराक़ और सीरिया जा रही हैं।
मलेशिया के स्थानीय समाचार पत्र ने देश की गुप्तचर संस्था के एक अधिकारी के हवाले से बताया है कि मलेशिया की कम से कम तीन सुन्नी समुदाय की महिलाएं आईएस के आतंकियों से जेहादुन्निकाह के लिए इराक़ और सीरिया जा रही हैं।
इस अधिकारी ने अपनी पहचान गुप्त रखने की शर्त पर बताया कि इन महिलाओं द्वारा यह क़दम उस समय उठाया गया जब जून महीने में आईएस के आतंकियों ने लोगों से अपनी महिलाओं और लड़कियों को जेहादुन्निहा के लिए भेजने की अपील की थी। इस मलेशियाई अधिकारी का कहना है कि इस विषय ने मलेशियाई समाज में भारी हंगामा मचाया किन्तु ऐसा प्रतीत होता है कि कुछ मुसलमान महिलाएं आईएस के प्रति नर्म पहलू रखती हैं।
उनका कहना था कि प्राप्त जानकारी के आधार पर आस्ट्रेलिया, ब्रिटेन तथा बहुत से देशों से महिलाएं और लड़कियां आईएस से जुड़ चुकी हैं। अधिकारी ने बताया कि लगभग छह सौ ब्रिटेनवासी आईएस के साथ सक्रिय हैं और उनके साथ बहुत सी ब्रिटिश महिलाएं हैं जो रणक्षेत्र में तो नहीं जाती किन्तु जेहादुन्निकाह द्वारा अपनी सेवाएं प्रदान कर रही हैं। जेहादुन्निकाह का विषय पहली बार वहाबी मुफ़्तियों के फ़त्वों के माध्यम से सामने आया है जिसमें उन्होंने अपनी महिलाओं और लड़कियों को आईएस के लड़ाकों से जेहादुन्निकाह करने के लिए भेजने की अपील की है।
29 अगस्त 2014 - 09:55
समाचार कोड: 634259
मलेशिया की महिलाएं आतंकियों से विवाह के उद्देश्य से इराक़ और सीरिया जा रही हैं।